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Wednesday, 7 September 2016

मारवाड़ी भाषा रो आनन्द। Marwadi Language In Hindi

भाईचारो तो मरतो दिख्यो,
पिसा क लारे गेला होग्या।

घरा सुं भाग गुरुजी बणग्या,
चोर उचक्का चेला होग्या।

चंदो खाकर  कार में घुमे,
भगत मोकळा भेळा होग्या।

कम्प्यूटर रो आयो जमानो,
पढ़ लिख ढ़ोलीघोड़ा होग्या।

पढ़ी-लिखी लुगायां ल्याया
काम करण रा फोड़ा होग्या ।

घर-घर गाड़ी-घोड़ा होग्या,
जेब-जेब मोबाईल होग्या।

छोरया तो होती आई पण
आज पराया छोरा होग्या।

उपरांता अब उधड़बा लागी,
न्यारा-न्यारा डोरा होग्या।

इतिहासां में गयो घूंघटो,
पाऊडर पुतिया मुंडा होग्या।

झरोखां री जाल्यां टूटी,
म्हेल पुराणां ढूंढा होग्या।

भारी-भारी बस्ता होग्या,
टाबर टींगर हळका होग्या।

मोठ बाजरी ने कुण पूछे,
पतळा-पतळा फलका होग्या।

रूंख फाड़ कर ठूंठ लेग्या
जंगळ सब मैदान होग्या।